बिंदकी में बीते 20 दिनों से
नगर की गलियां शाम को अंधेरे में रहती हैं। अंडरग्राउंड स्ट्रीट लाइट जलाने के लिए
लगाया गया जेनरेटर फुंक जाने के बाद उसे ठीक कराने में 2 लाख रुपये का खर्च आ रहा है।
बोर्ड ने स्ट्रीट लाइट जलाने के लिए जनरेटर ठीक कराने का प्रस्ताव पास कर दिया । इसके
बाद भी जनरेट ठीक नहीं हो पा रहा है।
आदर्श नगर योजना के अंतर्गत वैकल्पिक
ऊर्जा व्यवस्था से जेनरेटर द्वारा अंडरग्राउंड स्ट्रीट लाइटों को जलाया जाता है। शाम
को बिजली न मिलने के बाद भी नगर की गलियां और बाजार रोशन रहता रहा है। 25 दिसम्बर को
जेनरेटर जल जाने के बाद अब तक ठीक नहीं हो पाया है।
बताइए एक जनरेटर को ठीक करने
में प्रशासन के पसीने छूट गए हैं तो अब तक इन्होने राज्य का क्या हाल कर दिया होगा
?
No comments:
Post a Comment