सार्वजनिक वितरण प्रणाली व रसोई गैस में व्याप्त कालाबाजारी
से जनता त्रस्त है, रसोई गैस बुक कराने के बाद एजेंसियों से होम डिलेवरी करने में
एक-एक माह का समय लग जाता है। घरेलू रसोई गैस 434 की जगह 470 रुपए की दी जा रही
है। कनेक्शन लेने में बिल नही दिया जाता।
गैस सिलिंडर में घटतौली तो जैसे रोज की बात है गैस की चोरी
तो मानो इनका हक़ बन गया है, और इस सबका भुगतान केवल जनता को ही करना पडता है,
मैं अपने मित्रो को यह नहीं कहता की मैं सब बदल दूंगा परन्तु
आपको यह सब अकेले अनहि सहना पड़ेगा यह मेरा वादा है आपसे –
जय हिन्द जय भारत –
विक्रम सिंह
No comments:
Post a Comment